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MRI को टक्कर देगा Midjourney AI Scanner? सिर्फ 1 मिनट में Full Body Scan का दावा, जानिए कितना खास है Midjourney का नया डिवाइस

Midjourney AI Scanner: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दुनिया में अपनी पहचान बनाने वाली कंपनी Midjourney अब हेल्थ टेक्नोलॉजी सेक्टर में बड़ा कदम रखने जा रही है। कंपनी ने एक ऐसे फुल बॉडी स्कैनर की घोषणा की है, जिसके बारे में दावा किया जा रहा है कि यह बेहद कम समय में शरीर की विस्तृत स्कैनिंग कर सकता है और कई मामलों में MRI जैसी इमेज क्वालिटी उपलब्ध करा सकता है। इस नई तकनीक ने मेडिकल और टेक इंडस्ट्री में चर्चा तेज कर दी है कि क्या भविष्य में पारंपरिक MRI स्कैन की जरूरत कम हो सकती है।

क्या है Midjourney Scanner?

Midjourney द्वारा विकसित यह नया स्कैनर एक अल्ट्रासोनिक तकनीक पर आधारित डिवाइस है। कंपनी का कहना है कि यह सिस्टम सेंसर और अल्ट्रासाउंड वेव्स की मदद से पूरे शरीर की स्कैनिंग कर सकता है।

Midjourney के CEO David Holz ने इस प्रोजेक्ट को “असामान्य लेकिन बेहद रोमांचक” बताते हुए कहा है कि यह भविष्य की मेडिकल इमेजिंग तकनीकों की दिशा बदल सकता है।

कंपनी के अनुसार, स्कैनिंग के दौरान व्यक्ति को लगभग एक मिनट तक पानी में खड़ा रहना होगा। इसी दौरान डिवाइस शरीर के विभिन्न हिस्सों में अल्ट्रासोनिक वेव्स भेजकर डेटा एकत्र करेगा।

कैसे काम करता है यह AI आधारित स्कैनर?

स्कैनर में लगे एडवांस सेंसर शरीर को कई कोणों से स्कैन करते हैं। अल्ट्रासाउंड वेव्स से प्राप्त डेटा की मदद से शरीर के अंदर मौजूद मांसपेशियों, वसा (Fat), हड्डियों और आंतरिक अंगों का विस्तृत 3D मैप तैयार किया जाता है।

कंपनी का दावा है कि यह तकनीक शरीर की वर्टिकल स्लाइस इमेज तैयार कर सकती है, जिससे डॉक्टरों और विशेषज्ञों को शरीर की संरचना को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिल सकती है।

Midjourney का कहना है कि कुछ परिस्थितियों में यह स्कैनर MRI के समान गुणवत्ता वाली इमेजिंग उपलब्ध कराने में सक्षम हो सकता है।

MRI से कितना अलग है नया स्कैनर?

पारंपरिक MRI स्कैन में शक्तिशाली मैग्नेटिक फील्ड और रेडियो वेव्स का उपयोग किया जाता है, जबकि Midjourney Scanner पूरी तरह अल्ट्रासाउंड और पानी आधारित तकनीक पर काम करता है।

कंपनी के मुताबिक, इस प्रक्रिया में किसी प्रकार का रेडिएशन या शक्तिशाली मैग्नेटिक फील्ड उत्पन्न नहीं होता, जिससे इसे अपेक्षाकृत सुरक्षित विकल्प के रूप में देखा जा रहा है।

इसके अलावा जहां MRI स्कैन में 30 मिनट से लेकर 90 मिनट तक का समय लग सकता है, वहीं Midjourney Scanner एक मिनट के भीतर पूरी बॉडी स्कैनिंग करने का दावा कर रहा है।

क्या सच में खत्म हो जाएगी MRI की जरूरत?

हालांकि कंपनी के दावे काफी आकर्षक हैं, लेकिन फिलहाल यह कहना जल्दबाजी होगी कि यह तकनीक MRI की जगह ले सकती है।

विशेषज्ञों का मानना है कि MRI कई जटिल बीमारियों और आंतरिक संरचनाओं की बेहद सटीक जांच के लिए इस्तेमाल की जाती है। Midjourney Scanner अभी शुरुआती चरण में है और इसकी वास्तविक क्षमता का आकलन व्यापक मेडिकल परीक्षणों और क्लीनिकल वैलिडेशन के बाद ही किया जा सकेगा।

फिलहाल कंपनी ने यह दावा नहीं किया है कि यह डिवाइस पूरी तरह MRI को रिप्लेस कर देगा, बल्कि यह कई मामलों में MRI जैसी इमेज क्वालिटी देने की क्षमता विकसित करने की दिशा में काम कर रही है।

कब तक उपलब्ध होगा Midjourney Scanner?

अभी यह डिवाइस डेवलपमेंट और शुरुआती परीक्षण चरण में है। इसे मेडिकल डायग्नोस्टिक उपकरण के रूप में इस्तेमाल करने के लिए अमेरिकी नियामक संस्था FDA (Food and Drug Administration) की मंजूरी भी आवश्यक होगी।

कंपनी ने बताया है कि शुरुआत में इसका उपयोग बॉडी कंपोजिशन मैपिंग के लिए किया जाएगा, जहां नियामकीय मंजूरी अपेक्षाकृत जल्दी मिल सकती है।

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‘Midjourney Spa’ में होगा पहला इस्तेमाल

Midjourney अगले वर्ष सैन फ्रांसिस्को में अपना पहला “Midjourney Spa” शुरू करने की योजना बना रही है। यहां इस स्कैनर को आम लोगों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा।

कंपनी के अनुसार, प्रत्येक स्पा सेंटर में लगभग 10 स्कैनर लगाए जाएंगे। 2028 तक ऐसे केंद्रों का विस्तार किया जाएगा और अगले छह वर्षों में करीब 50,000 स्कैनर तैनात करने का लक्ष्य रखा गया है।

AI और Healthcare का नया अध्याय

बीते कुछ वर्षों में AI का इस्तेमाल मेडिकल रिसर्च, डायग्नोस्टिक्स और हेल्थ मॉनिटरिंग में तेजी से बढ़ा है। Midjourney Scanner इसी बदलाव का हिस्सा माना जा रहा है।

यदि कंपनी अपने दावों को क्लीनिकल स्तर पर साबित करने में सफल रहती है, तो भविष्य में फुल बॉडी स्कैनिंग पहले से कहीं अधिक तेज, आसान और सुलभ हो सकती है। हालांकि इसकी वास्तविक उपयोगिता और मेडिकल विश्वसनीयता का फैसला आने वाले वर्षों में होने वाले परीक्षणों और विशेषज्ञ मूल्यांकन के बाद ही होगा।

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Arvind Maurya
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